कलर्क पर आरटीए की मेहरबानी… बदली के बावजूद नहीं संभाल रहा अपनी कुर्सी, आखिर पुरानी कुर्सी से क्यों नहीं भंग हो रहा मोह…

बदली रुकवाने के लिए गोटियां फिट करने में लगे हुए हैं बाबू जी…

लोगों की परेशानी बरकरार, नहीं दे रहा कोई ध्यान

मैं की करां मेरे 7 मुलाजिमां दी बदली करती, पहलां उह पूरे करन फेर भेजूं जालन्धर : आरटीए

जालन्धर (ब्यूरो)
ट्रांसपोर्ट विभाग में कितनी कमाई हो रही है, इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि कोई कलर्क बदली के तीन महीनों तक चार्ज छोड़ने के लिए तैयार नहीं है। जी हां इस तरह का मामला आरटीए दफ्तर होशियारपुर का सामने आ रहा है, यहां का कलर्क एस.टी.सी. जैसे अधिकारी को भी कुछ नहीं समझ रहा। बतादें कि पूर्व एस.टी.सी. ने उक्त कलर्क के चार्ज न छोड़ने पर कारण बताओ नोटिस जारी किया था पर होशियारपुर के आरटीए की मेहरबानी के कारण उक्त कलर्क को नई जगह नहीं भेजा जा रहा। इस कलर्क की बदली 31 जुलाई 2019 को होशियारपुर से जालन्धर हो चुकी है, पर बावजूद इसके शहर नहीं छोड़ा जा रहा।

तीन महीनों से जालन्धर कर रहा इंतजार…

जहां एक ओर होशियारपुर में सीट न छोड़ने कारण अन्य कलर्क परेशान हो रहा है, वहीं दूसरी ओर जालन्धर में सीट खाली होने कारण इंतजार चल रहा है। सवाल पैदा हो रहा है कि पिछले तीन महीने से चल रहा इंतजार कितना लम्बा चलेगा।

गोटियां फिट करने में लगे हुए हैं बाबू जी…

उक्त बाबू अपनी बदली रुकवाने के लिए लम्बे समय से जुगाड़ लगा रहा है। लोगों अनुसार आर. टी. ए. व कलर्क में किस तरह का प्यार है, जो दोनों अलग होने से कतरा रहे हैं। अब देखने वाली बात है कि पुराने एस.टी.सी. के आदेशों को ठेंगा दिखाने वाले कलर्क का नए एस. टी. सी. क्या कर पाते हैं।

मैं 4 मुलाजमां नाल कम्म नहीं चला सकदा  : आरटीए कर्ण सिंह

इस सबंधी जब आरटीए होशियारपुर कर्ण सिंह से बात की तो उन्होंने कहा कि विभाग ने मेरे 7 मुलाजिमों की एक साथ बदली कर दी है तथा बदले में 4 को ही भेजा गया है, ऐसे में कर्लक को रिलिव नहीं कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि पहले मेरे मुलाजिम करें फिर कलर्क को जहां से भेजूंगा तथा इस सबंधी विभाग को लिखत में भेज दिया गया है। फिल्हाल कोई जवाब नहीं आया है।